BREAKING NEWS

तिल्दा-नेवरा से आखिर कहां गायब हो गए कौवे और बाभन चिड़िया?

छत्तीसगढ़ प्रदेश साहू संघ में महेंद्र साहू बने किसान विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष

व्याख्याता विमला भास्कर की राष्ट्रपति के दत्तक पुत्रों पहाड़ी कोरवा जनजाति के छात्रों पर लिखित पुस्तक का महामहिम राज्यपा

एक साहित्यिक बस्ती में देर तक सुनी गई ग़ज़लों की अनुगूँज

तिल्दा-नेवरा में व्यापारियों के लिए जीएसटी और इनकम टैक्स पर मार्गदर्शन शिविर आज

Advertisment

: केंद्र उत्तर बंगाल में बाढ़ प्रभावित लोगों के साथ भेदभाव कर रहा : ममता

Admin

Sun, Oct 8, 2023

कोलकाता
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार आपदा की गंभीरता और मृतकों की संख्या पड़ोसी राज्य सिक्किम के समान होने के बावजूद उत्तर बंगाल के बाढ़ प्रभावित लोगों के साथ भेदभाव कर रही है।

बनर्जी ने कहा कि बंगाल सरकार मुश्किल घड़ी में सिक्किम की मदद करती है और आगे भी करती रहेगी।

उन्होंने कहा, ‘बंगाल भिखारी नहीं है।’ मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मदद से संबंधित विषयों में भेदभाव नहीं करने का आग्रह किया।

बनर्जी ने कहा कि (तीस्ता नदी में) अचानक आई बाढ़ की रात के बाद से ही उनकी सरकार ने दार्जिलिंग और कलिम्पोंग जिलों में गोरखालैंड क्षेत्रीय प्रशासन (जीटीए) को 25 करोड़ रुपये की सहायता राशि भेजी और वरिष्ठ मंत्रियों और अधिकारियों के दल अभी भी प्रभावित जिलों में बाढ़ की स्थिति की निगरानी कर रहे हैं।

उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘सिक्किम में हमारे भाइयों और बहनों पर आई आपदा ने दार्जिलिंग और कलिम्पोंग में हमारे लोगों को भी प्रभावित किया है।’

उन्होंने कहा, ‘अचानक आई बाढ़ की रात के बाद से मैं लोगों को संकट से बचाने के लिए अपने पूरे प्रशासन के साथ चौबीसों घंटे काम कर रही हूं और जीटीए को 25 करोड़ रुपये की सहायता सहित हरसंभव मदद के लिए तत्पर हूं। मंत्रियों और भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के वरिष्ठ अधिकारी अभी भी मौके पर हैं।''

बनर्जी ने पोस्ट में कहा, ''हमने सेना के अधिकारियों और सिक्किम सरकार की हरसंभव मदद की है और आगे भी करेंगे तथा सिक्किम के लोगों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम करेंगे।’

बनर्जी ने कहा, ‘लेकिन मैं यहां आपदा की गंभीरता और कई मौतों के बावजूद उत्तर बंगाल में दार्जिलिंग और कलिम्पोंग के प्रभावित लोगों के प्रति केंद्र के भेदभाव से स्तब्ध हूं। हम भिखारी नहीं हैं और हम निश्चित रूप से सिक्किम के साथ खड़े हैं। लेकिन हम आपदा प्रबंधन में केंद्रीय मदद से संबंधित विषयों में भेदभाव नहीं चाहते हैं।’

 

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें